# OpenAI को GPT मॉडल में मिले खुद को दोहराने वाले प्रॉम्प्ट हमले

> OpenAI का कहना है कि आंतरिक परीक्षण में उसे कृमि जैसे प्रॉम्प्ट हमले मिले। कंपनी अपने रेड-टीम बॉट की मदद से भविष्य के मॉडलों को इन्हें पहचानना सिखा रही है।

Oossa · 2026-09-29 · https://oossa.com/hi/openai-reports-self-replicating-prompt-injection-tests-in-its-gpt-models

OpenAI ने बताया कि उसके आंतरिक परीक्षणों में एक नए तरह का प्रॉम्प्ट इंजेक्शन सामने आया, जो कंप्यूटर वर्म की तरह अपने आउटपुट में खुद की नकल करता है। कंपनी की लैब ने जून में GPT‑5.6 को प्रशिक्षित करने के दौरान अपने स्वचालित रेड-टीम टूल GPT‑Red का इस्तेमाल करते हुए यह व्यवहार देखा। OpenAI का कहना है कि भविष्य के मॉडलों को प्रशिक्षण के दौरान ऐसे खुद को दोहराने वाले प्रॉम्प्ट दिखाए जाएंगे, ताकि वे उन्हें रोकना सीख सकें। ये हमले केवल प्रशिक्षण परिवेश में देखे गए, वास्तविक दुनिया में तैनात मॉडलों में नहीं।

## तथ्य

- GPT‑5.6 के प्रशिक्षण के दौरान जून 2026 में खुद को दोहराने वाले प्रॉम्प्ट इंजेक्शन का पता चला।
- OpenAI ने हमले तैयार करने और उनका अध्ययन करने के लिए अपने GPT‑Red रेड-टीम एजेंट का इस्तेमाल किया।

## यह क्यों मायने रखता है

अगर मॉडल ऐसे कृमि जैसे प्रॉम्प्ट को रोक नहीं पाए, तो वे कई उपयोगकर्ताओं के साथ होने वाली बातचीत में दुर्भावनापूर्ण निर्देश फैला सकते हैं।

## स्रोत और संदर्भ

1. [Add one more AI worry to the nightmare scenario: self-replicating prompt injections](https://www.theregister.com/security/2026/09/29/add-one-more-ai-worry-to-the-nightmare-scenario-self-replicating-prompt-injections/5299922) – The Register, 2026-09-29

अंतिम अपडेट: 2026-09-29
